पीएनबी एआई समिट में मंथन बैंकिंग के भविष्य को लेकर

एआई से बैंकिंग में आएगा बड़ा बदलाव, ग्राहक सेवा से लेकर जोखिम प्रबंधन तक बढ़ेगा इस्तेमाल
नई दिल्ली, 2 सितंबर। पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) ने द्वारका स्थित कॉरपोरेट कार्यालय में आयोजित अपने पहले दो दिवसीय पीएनबी एआई समिट-2026 का समापन किया। ‘इनोवेट, इंटीग्रेट एंड एलीवेट’ थीम पर आयोजित सम्मेलन में बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं, तकनीक, नीति और शिक्षा जगत के विशेषज्ञों ने एआई के बढ़ते इस्तेमाल पर चर्चा की।
एआई से स्मार्ट क्रेडिट और रियल टाइम फ्रॉड डिटेक्शन पर जोर
वित्तीय सेवा विभाग के अपर सचिव डॉ. देबाशीष प्रुस्ती ने कहा कि एआई स्मार्ट क्रेडिट डिलीवरी, जोखिम प्रबंधन, रियल टाइम फ्रॉड डिटेक्शन और व्यक्तिगत ग्राहक सेवाओं को नई दिशा दे सकता है। उन्होंने कहा कि भारत के डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ एआई का इस्तेमाल वित्तीय समावेशन को और मजबूत करेगा।
जनरेटिव और एजेंटिक एआई से एंटरप्राइज ट्रांसफॉर्मेशन
पीएनबी के एमडी एवं सीईओ अशोक चंद्र ने कहा कि बैंक पारंपरिक और प्रेडिक्टिव एआई से आगे बढ़कर जनरेटिव और एजेंटिक एआई की दिशा में काम कर रहा है। समिट में ग्राहक अनुभव, क्रेडिट, जनरेटिव एआई, साइबर सुरक्षा और जिम्मेदार डेटा प्रबंधन समेत विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
साइबर सुरक्षा हैकाथॉन के विजेताओं को किया सम्मानित
समिट के दौरान पीएनबी साइबर सुरक्षा हैकाथॉन-2026 के विजेता प्रतिभागियों को भी सम्मानित किया गया। आईआईटी कानपुर के सहयोग से आयोजित हैकाथॉन में क्वांटम-प्रूफ सिस्टम और पोस्ट-क्वांटम क्रिप्टोग्राफी से जुड़े समाधान विकसित किए गए।
