एसजीपीजीआई में हुआ प्रदेश का पहला हृदय प्रत्यारोपण
-दिल्ली से एयर एम्बुलेंस से लाया गया दिल, ग्रीन कॉरिडोर से ऑपरेशन थिएटर तक पहुंचा
43 वर्षीय महिला को मिली नई जिंदगी,
लखनऊ । प्रदेश की चिकित्सा दुनिया में एक नया अध्याय जुड़ गया। संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआईएमएस) ने राज्य का पहला सफल हृदय प्रत्यारोपण कर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। दिल की मांसपेशियों की गंभीर बीमारी से जूझ रही 43 वर्षीय महिला को डॉक्टरों की विशेषज्ञ टीम ने नया जीवन दिया।
दिल्ली में एक ब्रेन डेड मरीज के परिवारीजनों की सहमति से हृदय, लिवर और गुर्दे दान कराए गए। लिवर और दो गुर्दे का प्रत्यारोपण दिल्ली में ही किया गया। इससे पहले हृदय को विशेष एयर एम्बुलेंस से रविवार की सुबह लखनऊ एयरपोर्ट लाया गया। प्रशासन और यातायात पुलिस की मुस्तैदी से बनाए गए ग्रीन कॉरिडोर के रास्ते दिल को समय पर एसजीपीजीआई के ऑपरेशन थिएटर तक पहुंचाया गया। एसजीपीजीआई के निदेशक डॉ. आरके धीमन ने बताया कि संस्थान के कार्डियोथोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जरी (सीवीटीएस), कार्डियोलॉजी और एनेस्थीसिया विभाग के डॉक्टरों ने पहले से तैयारी कर रखी थी। टीम ने जटिल सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। ऑपरेशन के बाद महिला को आईसीयू में रखा गया है, जहां उसकी हालत में लगातार सुधार हो रहा है।