ईमानदारी से कार्य करें तो समृद्ध हो सकते गांव, किसान और समितियां
लखनऊ।
सहकार भारती उत्तर प्रदेश की ओर से पैक्स समितियों के उन्नयन को लेकर शुक्रवार को इंदिरानगर स्थित एग्रीकल्चर कोऑपरेटिव स्टाफ ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (एसीएसटीआई) में प्रदेश स्तरीय गोष्ठी आयोजित की गई।
कार्यक्रम का शुभारंभ पीसीएफ लखनऊ के सभापति वाल्मीकि त्रिपाठी, यूपी कोऑपरेटिव बैंक के चेयरमैन जेबी सिंह और प्रदेश अध्यक्ष अरुण कुमार ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

मुख्य अतिथि सहकार भारती के राष्ट्रीय संगठन मंत्री संजय पंचपोर ने कहा कि किसानों को मजबूत बनाने की दिशा में पैक्स समितियां सबसे सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने दिखावटी गतिविधियों से दूर रहकर जमीनी स्तर पर कार्य करने वाली ईमानदार और कर्मठ पैक्स समितियों को आगे लाने की आवश्यकता है। पैक्स पदाधिकारियों को अपने अधिकारों, कर्तव्यों और नियमावली का निरंतर अध्ययन करना चाहिए, तभी वे सही ढंग से कार्य कर सकेंगे।

साथ ही कहा कि यदि सचिव, अध्यक्ष और सदस्य सेवा, संकल्प, पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ मिलकर कार्य करें तो गांव, किसान और समितियां सभी समृद्ध हो सकते हैं। पैक्स समितियों को हर समस्या के समाधान के लिए सरकारी सहायता पर निर्भर रहने की आवश्यकता नहीं है।
संजय पंचपोर ने कहा कि आने वाले समय में वही क्षेत्र आगे बढ़ेगा, जहां सक्रिय और कार्यशील पैक्स समितियों की संख्या अधिक होगी। उन्होंने कर्मठ और ईमानदार समितियों के चयन एवं प्रशिक्षण पर जोर दिया।

सहकारिता को युवाओं और नई तकनीक से जोड़ने की आवश्यकता पर चर्चा करते हुए यूपी कोऑपरेटिव बैंक के चेयरमैन जेबी सिंह ने कहा कि गांवों में रोजगार सृजन के लिए सहकारिता बड़ा माध्यम बन सकती है। उन्होंने गेहूं उत्पादन के साथ आटा निर्माण, राइस यूनिट, प्रोसेसिंग यूनिट, स्थानीय ब्रांड निर्माण और औषधि केंद्र स्थापित करने पर जोर दिया, कहा इससे गांव में रोजगार सृजन के साथ समृद्ध होंगे गांव।

कार्यक्रम में प्रदेशभर से आए पैक्स समितियों के सभापति, उपसभापति, सचिव तथा सहकार भारती के पदाधिकारियों ने भाग लिया। कार्यशाला में किसानों की समृद्धि, सहकारिता के विस्तार और पैक्स समितियों को आत्मनिर्भर बनाने पर विस्तृत चर्चा की गई।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय प्रमुख पैक्स प्रकोष्ठ राजदत्त पांडेय, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य कर्मवीर सिंह सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम का समापन सहकार भारती के प्रदेश महामंत्री अरुण दुबे ने किया।
